छत्तीसगढ़ में चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के प्रभाव से मौसम का मिजाज बदल गया है। राजधानी रायपुर समेत प्रदेश के कई जिलों में बुधवार को बारिश का दौर जारी रहा। तेज हवाओं और बारिश के चलते तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों को दिन में भी ठंडक का एहसास हुआ।

मौसम विभाग के मुताबिक, बुधवार को प्रदेश के कई इलाकों में करीब 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं। राजधानी रायपुर में सुबह से शुरू हुई बारिश रात तक जारी रही। वहीं, बस्तर संभाग में बारिश और तेज हवाओं का ज्यादा असर देखने को मिला।

रायपुर में सामान्य से 4.8 डिग्री नीचे रहा तापमान

बुधवार को राजधानी रायपुर का अधिकतम तापमान 26.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 4.8 डिग्री कम रहा। माना में अधिकतम तापमान 25.8 डिग्री, बिलासपुर में 27.8 डिग्री, पेंड्रा में 26 डिग्री, अंबिकापुर में 27.5 डिग्री और जगदलपुर में 24.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।

आज भी बारिश और तेज हवाओं की संभावना

मौसम विभाग ने गुरुवार को भी प्रदेश के कई संभागों में बारिश की संभावना जताई है। बस्तर संभाग में 10 से 20 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। वहीं, रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर और सरगुजा संभाग के जिलों में 15 से 20 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने का अनुमान है। इन क्षेत्रों में अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि कुछ स्थानों पर मध्यम से भारी वर्षा होने की भी संभावना है।

इन जिलों के लिए ऑरेंज और येलो अलर्ट

मौसम विभाग ने बस्तर संभाग के नारायणपुर, कोंडागांव, बीजापुर, बस्तर और दंतेवाड़ा जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।वहीं, रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, कोरबा, रायगढ़, महासमुंद, धमतरी, गरियाबंद, जशपुर, सरगुजा समेत प्रदेश के कई अन्य जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है।

शुक्रवार से बढ़ सकती है ठंड

लगातार बारिश के कारण लोगों को एक बार फिर रेनकोट और छतरियों का सहारा लेना पड़ रहा है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, गुरुवार को भी बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। इसके बाद शुक्रवार से न्यूनतम तापमान में गिरावट आने की संभावना है। फिलहाल प्रदेश में न्यूनतम तापमान सामान्य से करीब दो से तीन डिग्री अधिक बना हुआ है।

कुल मिलाकर, छत्तीसगढ़ में अगले कुछ दिनों तक मौसम का बदला हुआ मिजाज देखने को मिल सकता है। ऐसे में लोगों को मौसम विभाग के अलर्ट पर नजर रखने और खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी जाती है।