ट्विटर के सह-संस्थापक जैक डॉर्सी का विकेंद्रीकृत मैसेजिंग ऐप Bitchat अब भारत में Apple App Store पर उपलब्ध नहीं है। Apple की ओर से बताया गया है कि ऐप को भारत में हटाने की कार्रवाई इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) की मांग के बाद की गई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह कार्रवाई सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 69A के तहत जारी आदेश के आधार पर हुई है।

Bitchat की सबसे बड़ी खासियत इसकी डिसेंट्रलाइज्ड मैसेजिंग तकनीक है। यह ऐप मोबाइल नेटवर्क, इंटरनेट, फोन नंबर या किसी केंद्रीय सर्वर पर निर्भर नहीं करता, बल्कि आसपास मौजूद डिवाइसों के बीच Bluetooth mesh नेटवर्क के जरिए संदेश भेजने की सुविधा देता है। ऐसे में इंटरनेट या मोबाइल नेटवर्क बाधित होने की स्थिति में भी यूजर्स आपस में संवाद कर सकते हैं।

Bitchat इससे पहले जुलाई 2026 में दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के दौरान भी चर्चा में आया था। उस दौरान भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (I4C) की ओर से GitHub से ऐप से जुड़े कुछ रिपॉजिटरी हटाने को कहा गया था। विकेंद्रीकृत संचार तकनीक को लेकर सरकार की ओर से कानून-व्यवस्था और निगरानी से बचने की संभावित चिंताओं पर भी सवाल उठे थे।

ताजा घटनाक्रम में भारत में Bitchat की उपलब्धता पर Apple के साथ-साथ Google Play पर भी असर पड़ा है। हालांकि, Apple की ओर से जारी नोटिस में उस विशेष कंटेंट या कानूनी आधार का विस्तृत विवरण सार्वजनिक नहीं किया गया है, जिसके चलते ऐप को भारत में हटाने की कार्रवाई की गई। इससे इस बात को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है कि ऐप पर कार्रवाई का वास्तविक आधार क्या है।

Bitchat पर हुई यह कार्रवाई भारत में डिजिटल प्लेटफॉर्म, प्राइवेसी, विकेंद्रीकृत तकनीक और सरकारी नियमन के बीच बढ़ते टकराव को एक बार फिर सामने लाती है। एक ओर ऐसी तकनीकें इंटरनेट और केंद्रीय सर्वर पर निर्भरता कम करने का दावा करती हैं, वहीं दूसरी ओर कानून-व्यवस्था और निगरानी से जुड़ी चुनौतियां सरकारों के लिए चिंता का विषय बनी हुई हैं।