दूरदराज के गांवों में रहने वाली महिलाएं अब केवल गृहणी नहीं, बल्कि डिजिटल उद्यमी बन रही हैं। यूपीआई, ऑनलाइन बैंकिंग और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स की मदद से वे अपने हस्तशिल्प और कृषि उत्पादों को सीधे ग्राहकों तक पहुंचा रही हैं।